द फॉलोअप डेस्क
भारतीय जनता पार्टी के पैनलिस्ट प्रवक्ता पिंटू महादेव द्वारा केरल के एक निजी चैनल में राहुल गांधी के खिलाफ "छाती में गोली मारने" जैसी भाषा का प्रयोग करने पर झारखंड कांग्रेस मीडिया चेयरमैन सतीश पौल मुंजनी ने तीखा पलटवार किया। उन्होंने कहा, "यह न सिर्फ लोकतंत्र के विरुद्ध है, बल्कि यह देश की संवैधानिक राजनीति पर सीधा हमला है। राजनीति में विचारों का मतभेद स्वीकार्य है, लेकिन किसी जनप्रिय नेता के खिलाफ हिंसा का खुला आह्वान करना फासीवादी सोच का परिचायक है। यह वही मानसिकता है जिसने महात्मा गांधी की हत्या करवाई थी, आज वही जहरीली भाषा फिर दोहराई जा रही है।"
सतीश पौल ने आगे कहा, "राहुल गांधी को गोली मारने की बात करने वाले दरअसल भारत की आवाज़ को दबाने की कोशिश कर रहे हैं। यह बयान सिर्फ राहुल गांधी के खिलाफ नहीं, बल्कि देश के हर उस युवा के खिलाफ है जो बेरोज़गारी, महंगाई और नफरत की राजनीति के खिलाफ सवाल उठाता है। यदि बीजेपी इस बयान से खुद को अलग नहीं करती और उस प्रवक्ता पर तत्काल कार्रवाई नहीं करती, तो यह माना जाएगा कि यह हिंसक सोच पार्टी की आधिकारिक नीति का हिस्सा है।"
उन्होंने इस बयान के बाद पिंटू महादेव के खिलाफ तुरंत एफआईआर दर्ज करने की मांग की और भाजपा राष्ट्रीय नेतृत्व से सार्वजनिक माफी की अपील की। इसके साथ ही उन्होंने मीडिया संस्थानों से अपील की कि वे ऐसे लोगों को मंच देने से बचें जो देश में गृहयुद्ध जैसी भाषा बोलते हैं। सतीश पौल ने अंत में कहा, "भारत डरने वाला नहीं है। राहुल गांधी की आवाज़ न गोली से दबेगी, न धमकी से, बल्कि और बुलंद होगी।"
