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झारखंड में ED अफसरों की सुरक्षा की कमान CISF को, होम मिनिस्ट्री ने पुलिस को दिया ये निर्देश

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रांची 
झारखंड में ईडी अफसरों की सुरक्षा के लिए अब सीआईएसएफ को कमान सौंपी गयी है। ये निर्णय गृह मंत्रालय के निर्देश पर लिया गया है। बता दें कि झारखंड में ईडी फिलहाल भूमि घोटाला, अवैध खनन घोटाला समेत कई और अनियमितताओं की जांच कर रही है। कई सफेदपोश, नौकरशाह औऱ सत्ता के गलियारों में बैठे लोग ईडी के रडार पर हैं। वहीं, दो आईएएस अधिकारियों की गिरफ्तार भी हो चुकी है। खबर है कि ईडी की कार्रवाइयों से बौखलाकर काले कारोबार में शामिल लोग ईडी के अधिकारियों को झूठे मामलों में फंसाने और अन्य तरह से उनको नुकसान पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं। इसी सूचना के बाद ईडी ने शुक्रवार को होटवार जेल में छापेमारी की थी।

गृह मंत्रालय के आदेश के बाद उठाया गया कदम 

छापेमारी में ये खुलासा हुआ कि ईडी के अफसरों को नुकसान पहुंचाने के लिए कुछ नक्सली नेताओं से भी संपर्क साधा गया है। ईडी ने इस सूचना को तत्काल दिल्ली तक पहुंचाया। इसके बाद गृह मंत्रालय भी हरकत में आ गया। बताया जा रहा है कि गृह मंत्रालय के आदेश के बाद ही ईडी अधिकारियों की सुरक्षा का जिम्मा सीआईएसएफ को सौंपा गया है। इस बाबत गृह मंत्रालय ने झारखंड पुलिस को पत्र लिखा है। ईडी ने बताया है कि होटवार जेल में रची जा रही साजिश की सूचना मिली थी। ईडी को ये सूचना उसके सर्विलांस सिस्टम से मिली। इसके बाद होटवार जेल में छापेमारी की गयी। 

प्रेम प्रकाश की जेल में मूवमेंट के फुटेज को किया गया डिलिट
ईडी सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार छापेमारी के दौरान उनके हाथ कई जरूरी जानकारी लगी है। वहीं जमीन घोटाला केस को लेकर जेल में बंद आरोपी प्रेम प्रकाश को लेकर कई सनसनीखेज खुलासे किए गए हैं। उन्होंने बताया कि जब सीसीटीवी फुटेज को खंगाला तो उसमें पाया गया कि जेल प्रशासन द्वारा प्रेम प्रकाश की मूवमेंट से जुड़े कई डिजिटल सबूतों को डिलिट किया गया हैं। प्रेम प्रकाश से मुलाकात करने वालों की सीसीटीवी फुटेज भी हटा दी गई है। इसे लेकर पूछताछ करने के लिए ईडी जेल अधीक्षक हामिद अख्तर को समन करेगी।