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झारखंड में पर्यटन और होटल प्रबंधन को बढ़ावा, बीआईटी मेसरा में छह दिवसीय कार्यक्रम पूरा

झारखंड में पर्यटन और होटल प्रबंधन को बढ़ावा, बीआईटी मेसरा में छह दिवसीय कार्यक्रम पूरा

द फॉलोअप डेस्क:

बिरला इंस्टीट्यूट ऑफ टेक्नोलॉजी (BIT) मेसरा के प्रबंधन अध्ययन विभाग द्वारा 5 से 10 अक्टूबर 2026 तक आयोजित छह दिवसीय मैनेजमेंट डेवलपमेंट प्रोग्राम (MDP) “वैश्विक मानकों के अनुरूप होटल नेतृत्व को सशक्त बनाना- अतिथि अनुभव की कला में दक्षता” संपन्न हुआ। झारखंड सरकार (Jharkhand Government) के पर्यटन निदेशालय के सहयोग से आयोजित इस कार्यक्रम में 30 होटल प्रबंधकों, सहायक प्रबंधकों, पर्यवेक्षकों और पर्यटन अधिकारियों ने भाग लिया। इसका उद्देश्य आतिथ्य क्षेत्र में प्रबंधकीय क्षमता और सेवा की गुणवत्ता को बेहतर बनाना था।

पर्यटन विकास के लिए संयुक्त पहल

इस पहल की संकल्पना स्वर्गीय मंत्री सुदिव्य कुमार सोनू ने की थी। सचिव मुकेश कुमार तथा पर्यटन निदेशक नमन प्रियेश लकड़ा, आईएएस के मार्गदर्शन और प्रोत्साहन से इसे विकसित किया गया। उन्होंने झारखंड पर्यटन के समग्र विकास के उद्देश्य से बीआईटी मेसरा को इस क्षमता-विकास कार्यक्रम के आयोजन के लिए प्रोत्साहित किया। यह पहल राज्य के पर्यटन एवं आतिथ्य प्रतिष्ठानों में पेशेवर मानकों और सेवा की गुणवत्ता को सुदृढ़ करने की साझा प्रतिबद्धता को दर्शाती है। कार्यक्रम बीआईटी मेसरा के कुलपति प्रो. इंद्रनील मन्ना के संरक्षण में आयोजित किया गया। प्रबंधन अध्ययन विभाग के अध्यक्ष प्रो. कुमार संजय सवार्नी कार्यक्रम के संयोजक थे। डॉ. निशिकांत कुमार ने कार्यक्रम समन्वयक, जबकि डॉ. आनंद कुमार और डॉ. सत्यजीत महतो ने सह-समन्वयक की भूमिका निभाई।

होटल प्रबंधन और सेवा गुणवत्ता पर जोर

कार्यक्रम में शिक्षाविदों और आतिथ्य उद्योग के विशेषज्ञों ने अपने व्यावहारिक अनुभव साझा किए। सत्रों में पेशेवर व्यक्तित्व एवं संवाद कौशल, नेतृत्व और निर्णय-निर्माण, होटल संचालन, खाद्य एवं पेय प्रबंधन, इंजीनियरिंग, मानव संसाधन, वित्त, डिजिटल परिवर्तन, कृत्रिम बुद्धिमत्ता (एआई), सतत पर्यटन और रणनीतिक योजना जैसे विषय शामिल रहे। अंतिम दिन कार्यस्थल की समस्याओं के समाधान, सीखी गई बातों के व्यावहारिक उपयोग और 90-दिवसीय कार्ययोजना पर विशेष जोर दिया गया। कार्यक्रम में इस बात पर बल दिया गया कि बेहतर अतिथि अनुभव के लिए प्रभावी नेतृत्व, एकसमान सेवा मानक, विभिन्न विभागों के बीच समन्वय, वित्तीय समझ और तकनीक का विवेकपूर्ण उपयोग आवश्यक है। 

निरंतर प्रशिक्षण से बेहतर होगी सेवा गुणवत्ता

प्रतिभागियों को अपने-अपने कार्यस्थलों पर इन सीखों को लागू कर कार्यकुशलता, टीमवर्क और अतिथि संतुष्टि बढ़ाने के लिए प्रोत्साहित किया गया। आयोजकों ने कहा कि क्षमता-विकास एक सतत प्रक्रिया है। निरंतर प्रशिक्षण से पेशेवरों और संस्थानों को सीखने, कार्य-पद्धतियों में सुधार करने और सेवा मानकों को लगातार बेहतर बनाने का अवसर मिलता है। झारखंड के पर्यटन एवं आतिथ्य क्षेत्र के निरंतर विकास के लिए इस प्रकार की पहल आगे भी जारी रखने का लक्ष्य है।

Tags - BIT Mesra BIT Mesra Management Development Programme Jharkhand Tourism Hotel Management Training Hospitality Industry