द फॉलोअप डेस्क
भारत सरकार की महिला एवं बाल विकास मंत्री अन्नपूर्णा देवी ने आज केंद्रीय ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान को पत्र लिखा। इस पत्र के जरिये प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के अंतर्गत झारखंड राज्य के शेष पात्र लाभार्थियों को शीघ्र आवास उपलब्ध कराने का अनुरोध किया है।
उन्होंने अपने पत्र में ग्रामीण विकास मंत्रालय द्वारा इस महत्वाकांक्षी योजना को प्रभावशाली ढंग से लागू करने हेतु आभार व्यक्त किया और कहा कि प्रधानमंत्री जी के नेतृत्व में देशभर में लाखों जरूरतमंद परिवारों को पक्के घर मिलने से उनका जीवन सुरक्षित, सम्मानजनक और आश्वस्त हुआ है।
अन्नपूर्णा देवी ने जानकारी दी कि "आवास प्लस 2018" की सूची के अनुसार झारखंड राज्य में कुल 8,15,210 आवासों का लक्ष्य निर्धारित किया गया था, जिनमें से अब तक लगभग 2,22,069 पात्र परिवारों को आवास की सुविधा नहीं मिल सकी है। उन्होंने आग्रह किया कि इन लंबित आवासों को प्राथमिकता के साथ स्वीकृति प्रदान की जाए। उन्होंने यह भी उल्लेख किया कि भारत सरकार द्वारा वर्ष 2024-25 के बजट में ग्रामीण क्षेत्रों में 2 करोड़ अतिरिक्त आवासों के निर्माण का जो लक्ष्य निर्धारित किया गया है, वह प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के “सबका साथ, सबका विकास, सबका विश्वास और सबका प्रयास” के मंत्र को साकार करने की दिशा में एक ऐतिहासिक पहल है।
उन्होंने कहा "यदि झारखंड के इन शेष लाभार्थियों को शीघ्र आवास स्वीकृत किए जाते हैं, तो इससे न केवल राज्य के लाखों लोगों का जीवन सरल और सुरक्षित होगा, बल्कि माननीय प्रधानमंत्री जी का 'हर परिवार को गरिमामय आवास' देने का विज़न 'सबका घर' भी पूर्ण रूप से फलीभूत होगा"।