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पटना : सिर्फ 1 रुपया लेकर इंजीनियरिंग पढ़ाते है आरके श्रीवास्तव, वर्ल्ड बुक रिकॉर्ड्स ऑफ लंदन में है नाम दर्ज

सिर्फ 1 रुपया लेकर इंजीनियरिंग पढ़ाते है आरके श्रीवास्तव, वर्ल्ड बुक रिकॉर्ड्स ऑफ लंदन में है नाम दर्ज

पटना:
बिहार के एक गणित शिक्षक इन दिनों काफी चर्चा में है।  वर्ल्ड बुक रिकॉर्ड्स ऑफ लंदन, इंडिया बुक ऑफ रिकॉर्ड्स, गोल्डन बुक ऑंर्ल्ड रिकॉर्ड्स में अपना नाम दर्ज करवा चुकें आरके श्रीवास्तव इन दिनों खुब सुखियां बटोर रहें है। आरके श्रीवास्तव रोहतास जिले के विक्रमगंज के रहने वाले है। बता दें कि आरके गरीब बच्चों से केवल 1रुपय लेकर इंजीनियरिंग की पढ़ाई करवाते हैं। यही नहीं करीब 500 बच्चे को अब तक इंजीनियर भी बना चुके हैं। ये गूगल बॉय नाम से प्रसिद्ध कौटिल्य के भी शिक्षक हैं। वे​​​​​​ महज 35 की उम्र में देश और दुनिया भर में प्रसिद्ध हो चुके हैं।


 'गुरु दक्षणा प्रोग्राम' चलाते हैं आरके श्रीवास्तव 
दरअसल आरके श्रीवास्तव अपना एक इंस्टीट्यूट बिक्रमगंज में ही '1 रुपए गुरु दक्षिणा प्रोग्राम' चलाते हैं। जहां सैकड़ों गरीब बच्चे मात्र 1 रुपए देकर इंजीनियरिंग की पढ़ाई करते हैं। इतना ही नहीं ये इन बच्चों को सारी सुविधाएं भी प्रदान करते है। उनके इस संस्थान में और भी शिक्षक हैं जिसे आरके श्रीवास्तव ने नौकरी पर रखा है। देश भर के सम्मानित और परिपूर्ण संस्थाओं में भी गेस्ट फैकल्टी के तौर पर पढ़ाते है। इसके बदले उन्हें वहां से पैसे मिलते हैं जिससे वे अपने परिवार का पेट पालते है और साथ-साथ संस्थान के बच्चों को सारी सुविधाएं देते है । उन्होंने बताया कि वो देहरादून में मेधा क्लास, इंडियन पब्लिक स्कूल, गया के मगध सुपर 30, आरके सिंह के अवसर ट्रस्ट और हरियाणा के कौटिल्य कैंपस में भी पढ़ाते हैं।


 पिता और बड़े भाई की मौत के बाद संभाला परिवार
आरके श्रीवास्तव साल 2008 से देकर इंजीनियरिंग की पढ़ाई करवा रहें है। महज 5 साल की उम्र में उन्होंने अपने पिता को खो दिया। पिता की मौत के बाद परिवार की जिम्मेदारी उनके बड़े भाई ने संभाली लेकिन साल 2014 में वो भी चल बसें।  इसके बाद उनकी 3 भतीजियों समेत पूरे परिवार की जिम्मेदारी आरके के कंधों पर आ गई। तब से आरके ने अपने परिवार को संभाला। अपनी दो भतीजी की शादी भी करवाई। उनका कहना है कि कुछ दिनों बाद अपनी तीसरी भतीजी की शादी करवाऊंगा। फिर अपनी शादी करूंगा।