द फॉलोअप डेस्क
पटना विश्वविद्यालय में ग्रेजुएशन, पोस्ट ग्रेजुएशन से लेकर पीएचडी तक सभी परीक्षाओं का रिजल्ट पेंडिंग है। स्थिति यह है कि इस वजह से मुश्किल से पटरी पर आया सत्र एक बार फिर पटरी से उतरने की स्थिति में है। दिसंबर महीने में पहले, दूसरे और चौथे सेमेस्टर का रिजल्ट आना था, उसके बाद तीसरे और पांचवें सेमेस्टर की परीक्षा होनी थी, लेकिन अभी तक रिजल्ट नहीं आया है।.jpeg)
जनवरी बीतने को है और अब तक सिर्फ प्रथम सेमेस्टर की परीक्षा भर हो सकी, तीसरे और पांचवें का अब तक फॉर्म भी नहीं भरा गया। 22 जनवरी को फर्स्ट सेमेस्टर की परीक्षा खत्म हुई है। अब 27 जनवरी तक विश्वविद्यालय बंद है। अब जो भी परिक्षाएं होंगी फरवरी में ही हो सकेंगी। यानी जो रिजल्ट दिसंबर में आ जाने थे उनके लिए परीक्षा ही फरवरी में होंगी। और सेशन लेट होगा। वोकेशनल कोर्स की स्थिति और भी खराब है। उसमें भी अधिक देरी होगी, क्योंकि जनरल कोर्स के बाद ही वोकेशनल कोर्स की परीक्षा होती है।
इधर पटना विश्वविद्यालय में पीएचडी प्रवेश परीक्षा हुए दो महीने से अधिक हो चुके हैं लेकिन उसका भी रिजल्ट अब तक जारी नहीं हुआ है। पहले लंबे समय तक परीक्षा नहीं करायी जा रही थी। सत्र 2022 के बाद सीधे 2025 की परीक्षा हुई। अब परीक्षा हो गयी तो रिजल्ट जारी नहीं हो रहा है। यही हाल रहा तो 2026 तक ही सत्र शुरू हो पायेगा। पीएचडी के लिए 1600 छात्र-छात्राओं ने फॉर्म भरा था। अब कई छात्रों ने पीएचडी फैलोशिप खतरे में हैं।
पटना विश्वविद्यालय के परीक्षा नियंत्रक प्रो बीके लाल का कहनाहै कि जिस एजेंसी को रिजल्ट जारी करने का काम दिया गया है वो एजेंसी के द्वारा रिजल्ट में देरी की जा रही है। उसे अल्टीमेटम दिया गया है। जल्द ही रिजल्ट जारी कर दिया जायगेा। वहीं जनवरी में सभी पेंडिंग परीक्षाओं को करा लिया जायेगा।